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आखिर क्यों एक रिटायर्ड मेजर जनरल ने भारत के 29 राज्यों में 12,000 KM का चक्कर लगाया, जानिए मेजर जनरल सोमनाथ झा की कहानी

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उम्र सिर्फ एक नंबर होता है, हर किसी की सोच और सोचने का तरीका अलग होता है. मेजर जनरल सोमनाथ झा (Major General Somnath Jha) के रिटायर्ड होने के बाद उनकी कुछ एसी ही एक अलग सोच थी, जिसे सुनकर सभी को गर्व महसूस होगा। उन्होंने अपने जीवन के 37 बहुमूल्य साल राष्ट्र की सेवा लगाए। 58 वर्ष की उम्र में वह अपने सर्विस के जूतों को उतारना नहीं चाहते थे। राष्ट्र सेवा के दौरान उनको ऐसे लम्हों से भी गुजरना पड़ा जब उनके कई दोस्तों और साथियों ने उनकी गोद में अपनी जान गंवाई। इन सैनिकों के बलिदानों ने उनके दिल पर गहरा प्रभाव छोड़ा।

हम सभी के लिए जो स्वतंत्रता है, वास्तव में मुफ्त में नहीं आती, यह हमारे लाखों वीर सैनिकों के बलिदान के बाद हमे मिली है। राष्ट्र के प्रति अपनी जान न्योछावर करने वाले भारत माँ के वीर सपूत सिर्फ और सिर्फ हमारे लिए शहीद हो जाते हैं ताकि हम अपने घरों में चैन की नींद सो सकें।

12000 किलोमीटर का सफर

भारत की आजादी के बाद से, मई 2016 तक करीब 21000 सेना के जवान राष्ट्र के लिए शहीद हो चुके हैं। मेजर जनरल झा भारत के इन बहादुर जवानों के लिए कुछ खास करना चाहते थे। उन्होंने भारत के हर एक राज्य में अविश्वसनीय यात्रा पर जाने का निर्णय लिया, जो भारतीय सेना के प्रत्येक शहीद सैनिक को 12000 किलोमीटर तक साइकिल चलाकर सम्मानित करने के लिए था, जिसमे हर शहीद के लिए 2 मिनट समर्पित थे।

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अंबाला छावनी से इंडिया गेट तक का सफर

उन्होंने अम्बाला छावनी से अपनी यात्रा शुरू की। देश भर में 183 दिनों तक साइकिल चलाई और नई दिल्ली में इंडिया गेट पर अपनी श्रद्धांजलि पूरी की। उनकी श्रद्धांजलि उन शहीदों के परिवारों के लिए थी, जिनको बहुत पीड़ा से गुजरना पड़ा है।

अंबाला छावनी में ही सेवानिवृत्त हुए थे

मेजर जनरल सोमनाथ झा 11 वीं जम्मू और कश्मीर लाइट इन्फैंट्री में थे। वह अंबाला छावनी सेवानिवृत्त हुए थे, इसी लिए उन्होंने अपनी यात्रा की शुरुआत यहीं से करी। उनकी पत्नी चित्रा ने उनके हर कदम पर उनका साथ दिया और इस घड़ी में भी उनके मनोबल को बढ़ाये रखा। चित्रा कई प्रेरणा दायक पुस्तकों की लेखक हैं।

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मेजर सोमनाथ 70-150KM साइकिलिंग प्रतिदिन करते हैं

अब उनका दिन आमतौर पर सुबह 4 बजे से शुरू होता है और वह 70 से 150 किमी साइकिल प्रतिदिन चलाते हैं। वह नाश्ते के लिए दो सैंडविच अपने साथ लेकर जाते हैं और दिन में चाय या पानी के ब्रेक के लिए रुकते हैं।

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