गढ़ कुमाऊँ

लाटू देवता के मंदिर में चमोली के वाण गाँव स्थित मंदिर का दृश्य

आख़िर क्यों माँ नंदा के धर्मभाई लाटू देवता के मंदिर में पुजारी को आँखों पर पट्टी बाँधकर प्रवेश करना पड़ता है

चमोली के वाण गाँव में स्थित लाटू देवता मंदिर की उस अनूठी परंपरा के बारे में जानिए, जहाँ गर्भगृह में प्रवेश के समय पुजारी आँखों पर पट्टी क्यों बाँधते हैं और इसके पीछे की लोकमान्यता क्या है।

उत्तराखंड के चमोली जिले में द्रोणागिरी पर्वत का स्थान दर्शाता बोर्ड

द्रोणागिरी पर्वत का रहस्य: उत्तराखंड का वह गाँव जहाँ हनुमान से जुड़ी एक अनोखी लोकमान्यता सुनाई देती है

चमोली जिले के द्रोणागिरी पर्वत से जुड़ी एक अनोखी लोकमान्यता आज भी स्थानीय लोगों के बीच सुनाई देती है। यह कथा रामायण की संजीवनी बूटी की कहानी से जुड़ी मानी जाती है।

राजुला मालूशाही की कुमाऊँ लोकगाथा से प्रेरित हिमालयी दृश्य

राजुला-मालूशाही: कुमाऊँ की वह प्रेम कथा जिसमें वचन, विरह, साधना और संघर्ष के बाद मिला मिलन

राजुला-मालूशाही कुमाऊँ की प्रसिद्ध लोकगाथा है जो प्रेम, वचन और संघर्ष की कहानी सुनाती है।
यह कथा लोकगीतों और जागरों के माध्यम से पीढ़ियों से उत्तराखंड की लोकसंस्कृति में जीवित है।