कांवड़ मेले में श्रद्धालुओं की आवाजाही के चलते नीलकंठ मार्ग के 18 शिक्षण संस्थानों में अवकाश

यह फैसला केवल स्कूलों की छुट्टी तक सीमित नहीं है। इससे अभिभावकों, विद्यार्थियों और रोज़ इस मार्ग का उपयोग करने वाले लोगों को अपनी दिनचर्या और यात्रा की योजना पहले से बनानी होगी। किन संस्थानों पर यह आदेश लागू होगा और अलग-अलग अवधि क्यों तय की गई है, इसकी पूरी जानकारी आगे दी गई है।
Hundreds of Kanwariyas carrying decorated Kanwars walk along a highway in Rishikesh during the Kanwar Yatra.

पौड़ी, 28 जुलाई। नीलकंठ महादेव कांवड़ मेले को देखते हुए यात्रा मार्ग पर स्थित 18 शिक्षण संस्थानों में अलग-अलग तारीखों पर अवकाश घोषित किया गया है। जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने विद्यार्थियों की सुरक्षा, यातायात के सुचारु संचालन और संभावित असुविधा से बचाव के लिए यह आदेश जारी किया है।

आदेश के अनुसार राजकीय प्राथमिक विद्यालय नीलकंठ, राजकीय इंटर कॉलेज नीलकंठ, राजकीय प्राथमिक विद्यालय दिउली और राजकीय इंटर कॉलेज दिउली में 30 जुलाई से 11 अगस्त तक अवकाश रहेगा।

इसके अलावा 14 अन्य शिक्षण संस्थान पांच से 11 अगस्त तक बंद रहेंगे। इनमें सरस्वती शिशु मंदिर नीलकंठ मल्ली तलाई, राजकीय प्राथमिक विद्यालय भौन, बाल मैत्री शिशु संस्थान मलेलगांव, राजकीय प्राथमिक विद्यालय रत्तापानी, राजकीय प्राथमिक विद्यालय घट्टूगाड़ और राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय घट्टूगाड़ शामिल हैं।

इसी अवधि में राजकीय प्राथमिक विद्यालय लक्ष्मणझूला, राजकीय इंटर कॉलेज लक्ष्मणझूला, गंगा वैली पब्लिक स्कूल लक्ष्मणझूला, बाल विद्या निकेतन स्वर्गाश्रम, गीता बाल विद्यालय स्वर्गाश्रम और एसडीएसए महाविद्यालय स्वर्गाश्रम में भी अवकाश रहेगा।

राजकीय प्राथमिक विद्यालय गंगाभोगपुर और राजकीय इंटर कॉलेज गंगाभोगपुर को भी पांच से 11 अगस्त तक बंद रहने वाले संस्थानों की सूची में शामिल किया गया है।

नीलकंठ महादेव कांवड़ मेले के दौरान ऋषिकेश, लक्ष्मणझूला, स्वर्गाश्रम और यमकेश्वर क्षेत्र में श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ जाती है। इसी को देखते हुए प्रशासन ने यात्रा मार्ग के शिक्षण संस्थानों के लिए अवकाश की अलग-अलग अवधि तय की है।

जिलाधिकारी ने शिक्षा विभाग और संबंधित अधिकारियों को आदेश का पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं। निर्धारित अवधि में संबंधित स्कूल और कॉलेज बंद रहेंगे।

अभिभावकों और विद्यार्थियों को सलाह दी गई है कि वे अवकाश की तारीखों और दोबारा खुलने से जुड़ी जानकारी के लिए अपने संबंधित शिक्षण संस्थान के संपर्क में रहें। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आदेश केवल सूची में शामिल संस्थानों पर लागू होगा।

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