देहरादून, 5 जुलाई 2026। देहरादून जिले में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत अभी भी 1,90,588 मतदाताओं के गणना प्रपत्र जमा नहीं हुए हैं। जिला प्रशासन ने ऐसे मतदाताओं से 7 जुलाई तक अपना गणना प्रपत्र जमा करने की अपील की है, ताकि मतदाता सूची में नाम बनाए रखने की प्रक्रिया में कोई दिक्कत न आए।
जिला निर्वाचन अधिकारी और जिलाधिकारी डॉ. आशीष चौहान ने कहा है कि मतदाता अंतिम समय का इंतजार न करें। निर्धारित समय सीमा के भीतर गणना प्रपत्र जमा नहीं होने पर मसौदा मतदाता सूची में नाम प्रभावित हो सकता है या छूट सकता है। इसलिए पात्र मतदाता अपने बूथ लेवल अधिकारी से संपर्क कर जल्द प्रक्रिया पूरी करें।
देहरादून जिले में कुल 13.76 लाख पंजीकृत मतदाता हैं। इनमें से 11.86 लाख से अधिक मतदाता अपने गणना प्रपत्र जमा कर चुके हैं। प्रशासन के अनुसार, प्राप्त प्रपत्रों में 99.98 प्रतिशत का डिजिटाइजेशन पूरा हो चुका है। इसके बावजूद करीब 1.90 लाख मतदाताओं की ओर से प्रपत्र जमा होना अभी बाकी है।
विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध, अद्यतन और त्रुटिरहित बनाना है। इस प्रक्रिया में बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं को गणना प्रपत्र उपलब्ध करा रहे हैं और भरे हुए प्रपत्र एकत्र कर रहे हैं।
जो मतदाता दिन के समय घर पर उपलब्ध नहीं रहते, वे ईसीआईनेट ऐप या “बुक ए कॉल विद बीएलओ” सुविधा का उपयोग कर सकते हैं। इसके माध्यम से मतदाता अपने बीएलओ से संपर्क कर सुविधाजनक समय तय कर सकते हैं।
उत्तराखंड के मतदाता वर्ष 2003 की मतदाता सूची में अपना, अपने माता-पिता या दादा-दादी का नाम मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट पर खोज सकते हैं। दूसरे राज्यों के मतदाता निर्वाचन आयोग के पोर्टल पर उपलब्ध संबंधित पुरानी विशेष गहन पुनरीक्षण मतदाता सूची में अपना नाम देख सकते हैं।
निर्वाचन आयोग की प्रक्रिया के अनुसार, जिन मतदाताओं के गणना प्रपत्र प्राप्त होते हैं, उनके नाम मसौदा मतदाता सूची में शामिल किए जाते हैं। जिन मतदाताओं के प्रपत्र तय समय में प्राप्त नहीं होते, उनके नाम मसौदा सूची में शामिल होने से प्रभावित हो सकते हैं। हालांकि बाद में दावा-आपत्ति अवधि के दौरान निर्धारित प्रक्रिया के तहत नाम शामिल कराने का अवसर रहता है।
राज्य में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान 8 जून से शुरू हुआ था और गणना प्रपत्रों के वितरण व संकलन की प्रक्रिया 7 जुलाई तक चलनी है। इसके बाद सत्यापन और संकलन के आधार पर मसौदा मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी।
जिला प्रशासन ने सभी पात्र मतदाताओं से अपील की है कि वे 7 जुलाई से पहले अपना गणना प्रपत्र भरकर बीएलओ के माध्यम से जमा करें। प्रशासन का कहना है कि समय रहते प्रक्रिया पूरी करना मतदाता सूची में नाम बनाए रखने और मतदान अधिकार के लिए जरूरी है।
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