More From Rajesh Negi

Kalpana Bisht stands inside the Swabhiman Mahila Bakery Unit with bakery products prepared from mandua and other local ingredients in Vikasnagar, Uttarakhand.

पारंपरिक मंडुवे से आधुनिक कारोबार: कल्पना बिष्ट ने गांव में तैयार किया रोजगार का नया मॉडल

उत्तराखंड के पारंपरिक मंडुवे की असली क्षमता केवल खेती तक सीमित नहीं है। सही प्रशिक्षण, बेहतर पैकेजिंग और बाजार से जुड़ने पर यही स्थानीय अनाज गांवों में रोजगार, महिला उद्यमिता और टिकाऊ आजीविका का मजबूत आधार बन सकता है। कल्पना बिष्ट की पहल इसी बदलाव की एक मिसाल है।

Women from the Maa Dunagiri Pirul Group in Dwarahat display handcrafted baskets and decorative products made from pine needles during community activities, exhibitions and training sessions.

पिरूल से पहचान: द्वाराहाट की महिलाओं ने हस्तशिल्प के जरिए बनाया स्वरोजगार का रास्ता

पहाड़ों में रोजगार की कमी और पलायन के बीच यह पहल दिखाती है कि स्थानीय संसाधन भी आजीविका का मजबूत आधार बन सकते हैं। द्वाराहाट की महिलाओं ने जिस पिरूल को कभी बेकार समझा जाता था, उसी को हुनर और मेहनत से पहचान, आमदनी और दूसरी महिलाओं के लिए प्रेरणा में बदल दिया।

A FASTag-enabled toll plaza with an editorial infographic explaining the FASTag Annual Pass activation process through the Rajmargyatra App.

FASTag Annual Pass में बार-बार रिचार्ज से मिलेगी राहत, इस App से मिलेगी सुविधा

राष्ट्रीय राजमार्गों पर नियमित सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए यह सुविधा टोल भुगतान को पहले से आसान बना सकती है। FASTag Annual Pass किन वाहनों के लिए उपलब्ध है, इसकी वैधता कितनी होगी, किन टोल प्लाजा पर यह लागू होगा और इसे Rajmargyatra App के जरिए कैसे सक्रिय किया जा सकता है, विस्तार से पढ़िए।

An aerial view of the under-construction Asharodi-Jhajra four-lane bypass in Dehradun, designed to connect the Paonta Sahib route with the Delhi-Dehradun Economic Corridor.

देहरादून में बन रहा 12 किमी नया फोरलेन बाईपास, पांवटा मार्ग को दिल्ली कॉरिडोर से जोड़ेगा

शहर के भीतर भारी वाहनों की आवाजाही कम करने की योजना अब निर्माण के अगले चरण में पहुंच रही है। यह नया फोरलेन बाईपास देहरादून की ट्रैफिक व्यवस्था को किस तरह बदल सकता है, किन मार्गों को जोड़ेगा और परियोजना कब तक पूरी होने की उम्मीद है, विस्तार से पढ़िए।

An Indian hand holds a printed photograph of a traditional Uttarakhand village in sharp focus, while India Gate and the surrounding city life appear softly blurred in the background.

शहर और गांव: एक जगह मौके ज्यादा हैं, दूसरी जगह लोग अपने लगते हैं

बेहतर जिंदगी केवल इस बात से तय नहीं होती कि आप शहर में रहते हैं या गांव में। असली सवाल यह है कि सुविधाएं, रोजगार, समय और अपनापन – इन चारों के बीच संतुलन कहां बन पाता है। यही सवाल इस लेख के केंद्र में है।

Mud and debris cover the road near Tilwara in Rudraprayag as people and two-wheelers gather after a landslide triggered by heavy rainfall.

रुद्रप्रयाग के तिलवाड़ा में पहाड़ी से सड़क तक पहुंचा भारी मलबा, केदारनाथ मार्ग पर आवाजाही प्रभावित

केदारनाथ यात्रा मार्ग पर यह भूस्खलन दिखाता है कि लगातार बारिश के दौरान पहाड़ी रास्तों की स्थिति कुछ ही मिनटों में बदल सकती है। ऐसे हालात में स्थानीय लोगों और यात्रियों के लिए आधिकारिक यातायात अपडेट के बिना आगे बढ़ना जोखिम भरा हो सकता है। तिलवाड़ा में हुई इस घटना और मौजूदा स्थिति की पूरी जानकारी आगे पढ़ें।

Indian traders complete border formalities and lead pack animals carrying trade goods as the first trade delegation crosses Lipulekh Pass towards Taklakot after the reopening of India-Tibet border trade.

लिपूलेख से 6 साल बाद खुला व्यापार का रास्ता, पहले दल में 16 व्यापारी पहुंचे तकलाकोट

सीमा व्यापार की यह शुरुआत केवल व्यापारियों की आवाजाही तक सीमित नहीं है। लिपूलेख दर्रे के रास्ते इसके विस्तार से सीमांत क्षेत्रों में परिवहन, ढुलाई और रोजगार से जुड़े कई लोगों को फिर आर्थिक गतिविधियों का लाभ मिल सकता है। आगे पढ़ें।

Two frames from a viral video showing a man attempting to rescue a cow from the fast-flowing Yamuna River near Kalsi in Dehradun district.

यमुना के तेज बहाव में गाय को बचाने उतरा युवक, वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल

यमुना के तेज बहाव में फंसी गाय को बचाने की कोशिश करता एक युवक सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में दिखाई देता है। हालांकि घटना की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि अभी सामने नहीं आई है और प्रशासन ने इस संबंध में कोई बयान जारी नहीं किया है।

Side-by-side image showing pilgrims at Badrinath Temple and Kedarnath Temple during the 2026 Char Dham Yatra in Uttarakhand.

चारधाम यात्रा में 44.84 लाख श्रद्धालुओं ने किए दर्शन, पिछले चार सालों का रिकॉर्ड टूटा

चारधाम यात्रा में इस वर्ष दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या 44.84 लाख बताई गई है, जो पिछले चार वर्षों की समान अवधि से अधिक है। हालांकि उपलब्ध आंकड़े की समयसीमा को लेकर आधिकारिक दैनिक यात्रा बुलेटिन से अंतिम पुष्टि होना अभी बाकी है।

A hooded individual working at multiple computer screens, representing cyber fraud and online financial scams.

देहरादून में क्रिकेटर के पिता समेत 8 लोगों से 16.90 लाख का Cyber Fraud, जानिए ऐसे मामलों से कैसे बचें

Cyber Fraud के आठ मामलों में देहरादून के लोगों से करीब 16.90 लाख रुपये की ठगी हुई है। इनमें एक क्रिकेटर के पिता भी शामिल हैं, जिनके बैंक खाते से APK फाइल डाउनलोड करने के बाद 3.19 लाख रुपये निकाल लिए गए।