हरिद्वार कांवड़ यात्रा में हथियार, जुगाड़ वाहन और मॉडिफाइड साइलेंसर पर रोक, पहचान पत्र साथ रखने की अपील

30 जुलाई से शुरू होने वाली कांवड़ यात्रा के दौरान जारी ये निर्देश केवल सुरक्षा व्यवस्था का हिस्सा नहीं हैं, बल्कि लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही, दुर्घटनाओं की रोकथाम और कानून-व्यवस्था बनाए रखने से भी जुड़े हैं। यात्रा पर निकलने से पहले किन नियमों का पालन जरूरी है और किन प्रतिबंधों की अनदेखी परेशानी बढ़ा सकती है, यही इस एडवाइजरी का सबसे महत्वपूर्ण पक्ष है।
Kanwariyas carrying decorated Kanwars while walking along a roadside route during the Haridwar Kanwar Yatra.

हरिद्वार, 11 जुलाई 2026। हरिद्वार में कांवड़ यात्रा को सुरक्षित और व्यवस्थित बनाने के लिए पुलिस ने श्रद्धालुओं के लिए एडवाइजरी जारी की है। यात्रा के दौरान नुकीले हथियार, जुगाड़ वाहन और तेज आवाज करने वाले मॉडिफाइड साइलेंसर वाले वाहनों पर रोक रहेगी। श्रद्धालुओं से वैध पहचान पत्र साथ रखने और यात्रा की मर्यादा बनाए रखने की अपील की गई है।

कांवड़ यात्रा 30 जुलाई से शुरू होकर 11 अगस्त को श्रावण शिवरात्रि के जलाभिषेक तक चलेगी। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचकर गंगाजल भरेंगे और अपने-अपने क्षेत्रों के शिवालयों की ओर रवाना होंगे।

पुलिस के अनुसार, पैदल ले जाई जाने वाली कांवड़ की अधिकतम ऊंचाई छह फीट तय की गई है। वहीं, वाहन पर तैयार की जाने वाली कांवड़ झांकी की ऊंचाई अधिकतम 10 फीट रखी जा सकेगी। बरसात के मौसम में अधिक ऊंची कांवड़ के बिजली की लाइनों के संपर्क में आने से हादसे का खतरा रहता है। इसी को देखते हुए श्रद्धालुओं से निर्धारित ऊंचाई का पालन करने को कहा गया है।

त्रिशूल, तलवार और नुकीले हथियारों पर रोक

एडवाइजरी में बड़े त्रिशूल, भाले, तलवार, डंडे, बेसबॉल बैट और अन्य नुकीली वस्तुएं लेकर यात्रा में शामिल नहीं होने को कहा गया है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कांवड़ यात्रा धार्मिक आस्था से जुड़ा आयोजन है और यात्रा के दौरान विवाद, मारपीट, हुड़दंग या माहौल खराब करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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शराब या किसी अन्य मादक पदार्थ का सेवन कर यात्रा में शामिल होने वालों पर भी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। श्रद्धालुओं से अन्य यात्रियों, स्थानीय लोगों और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों के साथ संयमित व्यवहार करने की अपील की गई है।

जुगाड़ वाहन और मॉडिफाइड साइलेंसर प्रतिबंधित

कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा मानकों के अनुरूप नहीं बने जुगाड़ वाहनों के संचालन पर रोक रहेगी। इसके साथ ही तेज या पटाखे जैसी आवाज करने वाले मॉडिफाइड साइलेंसर वाले दोपहिया वाहनों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस ने कहा है कि तेज आवाज वाले वाहन पैदल कांवड़ियों, बुजुर्गों, बच्चों और स्थानीय लोगों के लिए परेशानी का कारण बनते हैं। श्रद्धालुओं से सुरक्षित वाहनों का प्रयोग करने और निर्धारित यातायात नियमों का पालन करने को कहा गया है।

पहचान पत्र साथ रखने की अपील

कांवड़ यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं से आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, ड्राइविंग लाइसेंस या कोई अन्य वैध पहचान पत्र साथ रखने की अपील की गई है। आपात स्थिति, गुमशुदगी या सत्यापन के दौरान पहचान पत्र से संबंधित व्यक्ति की पहचान करने में मदद मिल सकेगी।

रेल मार्ग से हरिद्वार पहुंचने वाले श्रद्धालुओं को चलती ट्रेन की छत, इंजन, दरवाजे या दूसरे असुरक्षित हिस्सों पर बैठकर यात्रा नहीं करने की चेतावनी दी गई है। पुलिस ने कहा है कि इस तरह यात्रा करना जानलेवा हो सकता है।

हरिद्वार पुलिस ने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान अनुशासन बनाए रखने, अफवाहों से बचने और प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करने की अपील की है।

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