रैबार

3000 मीटर स्टीपलचेज में बाधा पार करती महिला धावक

पौड़ी की अंकिता ध्यानी ने 3000 मीटर स्टीपलचेज में जीता स्वर्ण, एशियाई खेल 2026 का मानक पार

भुवनेश्वर में दो पदक जीतकर अंकिता ध्यानी ने उत्तराखंड एथलेटिक्स को बड़ी उपलब्धि दिलाई। 3000 मीटर स्टीपलचेज में उनका समय एशियाई खेल 2026 के मानक से बेहतर कैसे रहा, जानिए।

उत्तराखंड में अपर पीसीएस भर्ती के लिए तैयारी करते अभ्यर्थियों का प्रतीकात्मक दृश्य

उत्तराखंड में अपर पीसीएस के 63 पदों पर भर्ती की तैयारी, जल्द जारी होगा विज्ञापन

लंबे समय से भर्ती का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों के लिए अब प्रक्रिया आगे बढ़ती दिखाई दे रही है। आयोग को रिक्त पदों का प्रस्ताव मिल चुका है और विस्तृत विज्ञापन जारी होने के बाद आवेदन और परीक्षा से जुड़ी तस्वीर साफ होगी। जानिए भर्ती प्रक्रिया से जुड़ा नया अपडेट।

ऋषिकेश में मानसून के दौरान गंगा किनारे खड़ी राफ्ट

ऋषिकेश में मंगलवार शाम से थमेगा राफ्टिंग का रोमांच, जुलाई-अगस्त में बंद रहेगा संचालन

इस बार रिकॉर्ड संख्या में पर्यटक गंगा राफ्टिंग के लिए ऋषिकेश पहुंचे, लेकिन अब मानसून के साथ साहसिक पर्यटन की सबसे लोकप्रिय गतिविधि दो महीने के विराम पर जा रही है। जानिए इस सीजन में कितने पर्यटक पहुंचे और मानसून में राफ्टिंग क्यों रोकी जाती है।

Environment workers collecting and segregating waste along the Kedarnath pilgrimage route during a cleanliness drive.

केदारनाथ धाम से 10 दिन में 9.5 टन कूड़ा एकत्र, सोनप्रयाग में कॉम्पेक्टर से हो रहा निस्तारण

हिमालयी धामों में स्वच्छता केवल व्यवस्था का नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण का भी विषय है। यात्रा सीजन के दौरान बढ़ती मानवीय गतिविधियों के बीच कूड़ा प्रबंधन कितनी बड़ी चुनौती बन जाता है और इसे संभालने के लिए क्या प्रयास किए जा रहे हैं, जानिए।

Election official verifying voter records under the SIR campaign in Uttarakhand

उत्तराखंड में SIR का 92% से अधिक डिजिटाइजेशन पूरा, अन-कलेक्टेबल मतदाताओं का फिर होगा सत्यापन

मतदाता सूची को अधिक सटीक और विश्वसनीय बनाने की प्रक्रिया अब अगले चरण में पहुंच रही है। कई जिलों में डिजिटाइजेशन का काम लगभग पूरा होने के बाद अब ऐसे मतदाताओं की दोबारा जांच की जाएगी, जिनकी स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है। जानिए क्या है नया अपडेट और किन जिलों में कितनी प्रगति हुई है।

Baba Baukhnag temple located near the Silkyara Tunnel in Uttarkashi, Uttarakhand.

सिलक्यारा-बड़कोट टनल अब बाबा बौखनाग महाराज के नाम से जानी जाएगी

सिलक्यारा टनल को नया नाम दिए जाने की प्रक्रिया ने स्थानीय आस्था और क्षेत्रीय पहचान को फिर चर्चा में ला दिया है। यह नामकरण स्थानीय लोगों के लिए इतना महत्वपूर्ण क्यों माना जा रहा है और इसके पीछे क्या वजह है, जानिए।

Candidates attending a Territorial Army recruitment rally in a representative image.

पिथौरागढ़ में 3 अगस्त से टेरिटोरियल आर्मी की भर्ती रैली, 69 पदों पर होगा चयन

वर्दी पहनकर फिर से सेवा देने की इच्छा रखने वाले पूर्व सैनिकों और पात्र अभ्यर्थियों के लिए यह अवसर महत्वपूर्ण हो सकता है। भर्ती प्रक्रिया में शामिल होने से पहले पात्रता, जरूरी दस्तावेज, शारीरिक परीक्षा और चयन प्रक्रिया से जुड़ी सभी शर्तों को समझना जरूरी होगा। जानिए भर्ती से जुड़ी पूरी जानकारी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी चंपावत में विकास परियोजनाओं का लोकार्पण करते हुए

चंपावत में 124 करोड़ की विकास परियोजनाओं की शुरुआत, मुख्यमंत्री धामी ने किया लोकार्पण और शिलान्यास

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत जिले को 124 करोड़ रुपये की 17 विकास परियोजनाओं की सौगात दी है। इनमें जिला अस्पताल में एमआरआई सुविधा और सिटी सेंटर जैसी परियोजनाएं शामिल हैं। इन योजनाओं से जिले के विकास पर क्या असर पड़ेगा, पढ़िए।

Vehicles moving on a rain-soaked hill road in Uttarakhand during monsoon conditions.

उत्तराखंड में अगले 2-3 दिन में मानसून के पहुंचने के आसार, कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी

मानसून के उत्तराखंड में आगे बढ़ने की संभावना के बीच आने वाले दिनों में मौसम की गतिविधियां और तेज हो सकती हैं। चारधाम यात्रा, पहाड़ी मार्गों और संवेदनशील क्षेत्रों में यात्रा करने वालों के लिए अगले कुछ दिन अतिरिक्त सतर्कता की मांग कर सकते हैं। किन जिलों में ज्यादा असर पड़ सकता है और कहां भारी बारिश की आशंका है, जानिए।

A representative image showing electricity transmission infrastructure and a consumer electricity bill.

पिथौरागढ़ में स्मार्ट मीटर को लेकर विवाद, यूपीसीएल ने कई दुकानों के बिजली कनेक्शन काटे

तकनीकी बदलावों का उद्देश्य व्यवस्था को बेहतर बनाना हो सकता है, लेकिन उनकी स्वीकार्यता इस बात पर भी निर्भर करती है कि लोगों की शंकाओं को कितनी गंभीरता से सुना जाता है। पिथौरागढ़ में उभरे हालिया घटनाक्रम ने इसी सवाल को फिर सामने ला दिया है। जानिए पूरा घटनाक्रम।