रैबार

Chief Minister Pushkar Singh Dhami attends a Social Welfare Department review meeting in Dehradun.

उत्तराखंड में वृद्धावस्था पेंशन प्रक्रिया सरल करने की तैयारी, 9.80 लाख लाभार्थियों को ₹145.42 करोड़ जारी

सरकार पेंशन व्यवस्था को ऐसी प्रणाली में बदलने की तैयारी कर रही है, जिसमें पात्र नागरिकों तक लाभ समय पर और कम औपचारिकताओं के साथ पहुंच सके। नई व्यवस्था कैसे काम करेगी और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं को लेकर बैठक में क्या अहम फैसले हुए, जानिए।

Sports Minister Rekha Arya chairs a review meeting with departmental officials on Uttarakhand's new sports policy at the camp office in Dehradun.

नई खेल नीति में आम लोगों की राय भी होगी शामिल, उत्तराखंड सरकार ऑनलाइन मांगेगी सुझाव

राज्य की नई खेल नीति केवल सरकारी दस्तावेज नहीं होगी, बल्कि खिलाड़ियों, खेल विशेषज्ञों और आम नागरिकों की भागीदारी से तैयार करने की तैयारी है। सुझाव देने की प्रक्रिया कैसे होगी और सरकार किन प्रस्तावों को नीति का हिस्सा बना सकती है, जानिए।

Barricades divert traffic near a tunnel on the Delhi-Dehradun Expressway during repair work in Uttarakhand.

बिहारीगढ़ के पास दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे पर मलबा गिरने से यातायात प्रभावित, मलबा गिरने के बाद NHAI ने बढ़ाई निगरानी

लगातार मानसूनी बारिश के बीच पहाड़ी ढलानों वाले हिस्सों पर सड़क सुरक्षा और यातायात प्रबंधन बड़ी चुनौती बन गया है। किन स्थानों पर निगरानी बढ़ाई गई है, यातायात में क्या बदलाव किए गए हैं और एनएचएआई आगे कौन-से एहतियाती कदम उठा रहा है, जानिए।

Vehicles and two-wheelers move through heavy rain on a city road in Uttarakhand as dark clouds and lightning reduce visibility.

9 जुलाई को उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट, देहरादून समेत पांच जिलों में ऑरेंज अलर्ट

लगातार सक्रिय मानसून के बीच अगले कुछ दिनों तक पर्वतीय मार्गों, चारधाम यात्रा, नदी-नालों के आसपास के क्षेत्रों और दैनिक आवाजाही पर मौसम का असर बढ़ सकता है। किन जिलों में किस दिन भारी बारिश का खतरा अधिक है और मौसम विभाग ने किन लोगों को विशेष सतर्क रहने की सलाह दी है, जानिए।

A hand holding multiple bundles of Indian currency notes used as a representative visual for an alleged financial irregularity investigation.

उत्तराखंड की सहकारी परियोजना पर उठे सवाल, 1.47 करोड़ के कथित गबन में नैकॉफ(NACOF) के खिलाफ शिकायत

शिकायत में 1.47 करोड़ रुपये के कथित गबन का आरोप लगाया गया है, लेकिन अब तक मुकदमा दर्ज नहीं होने की बात सामने आई है। यह परियोजना किन गतिविधियों से जुड़ी है, शिकायत में क्या आरोप हैं और आगे की जांच प्रक्रिया कैसे आगे बढ़ सकती है, जानिए।

Uttarakhand Disaster Management and Rehabilitation Secretary Vinod Kumar Suman speaking to ANI about the artificial lake formed in Harsil, Uttarkashi.

हर्षिल क्षेत्र में कृत्रिम झील बनने पर आपदा प्रबंधन विभाग अलर्ट, पानी की निकासी पर नजर

कृत्रिम झील बनने के बाद प्रशासन का सबसे बड़ा फोकस पानी की नियंत्रित निकासी और संभावित जोखिम का लगातार आकलन है। बारिश के बीच विभाग किन तैयारियों में जुटा है और स्थानीय लोगों व यात्रियों के लिए क्या सावधानियां जरूरी हैं, जानिए।

Aerial view of the Bhaniawala–Rishikesh highway corridor and the proposed bypass route near Rishikesh, Uttarakhand.

ऋषिकेश बाइपास के बाद बदला समीकरण? भानियावाला-ऋषिकेश सड़क चौड़ीकरण पर उठे नए सवाल

ऋषिकेश बाइपास को मंजूरी मिलने के बाद अब सड़क चौड़ीकरण परियोजना की आवश्यकता, डिजाइन और पर्यावरणीय प्रभाव को लेकर नई बहस शुरू हो गई है। दोनों परियोजनाओं के अलग-अलग उद्देश्य क्या हैं और विकास व पर्यावरण के बीच संतुलन को लेकर कौन से सवाल अब भी बने हुए हैं, जानिए।

मणिपुर हमले में वीरगति को प्राप्त उत्तराखंड के असम राइफल्स के जवान वारंट ऑफिसर बलवंत सिंह और राइफलमैन सीएम सिंह

मणिपुर में असम राइफल्स काफिले पर हमला, उत्तराखंड के दो जवान वीरगति को प्राप्त हुए

उखरुल हमले के बाद सुरक्षा बलों ने इलाके में तलाशी अभियान शुरू कर दिया है। शहीद जवानों के पार्थिव शरीर उत्तराखंड लाए जाने

उत्तराखंड परिवहन निगम की नई और पारंपरिक मिनी बसें

उत्तराखंड परिवहन को मिलेंगी 50 मिनी बसें, दूरस्थ पहाड़ी क्षेत्रों में आवाजाही होगी आसान

उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए परिवहन निगम के बेड़े में 50 नई मिनी बसें शामिल की जाएंगी। इससे दूरस्थ और कठिन रूटों पर यात्रियों की आवाजाही आसान होने की उम्मीद है।

ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के निर्माण स्थल का हवाई दृश्य

ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के डंपिंग जोन बनेंगे हरित क्षेत्र, 30 जगहों पर पौधरोपण अभियान शुरू

ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना के 30 डंपिंग जोन अब हरित क्षेत्र के रूप में विकसित किए जाएंगे। पौधरोपण, जियो-जूट और ढलान स्थिरीकरण के जरिए पर्यावरण संरक्षण और निर्माण कार्य के बीच संतुलन बनाने की पहल शुरू हुई है।